मेरठ- वैश्विक महामारी का रूप ले चुके कोरोना को लेकर जहां विश्व भर में हाहाकार मचा है। वहीं, केंद्र सरकार द्वारा देशभर में लागू किए गए लॉक डाउन के बाद भारत के नागरिक भी हलकान हैं। ऐसे में प्रशासनिक अधिकारियों ने जिले की जनता को आश्वस्त किया है कि भले ही लड़ाई लंबी हो लेकिन जिले का कोई भी नागरिक जरूरत की वस्तुओं से मेहरूम नहीं रहेगा। डीएम अनिल धींगरा ने बताया कि प्रशासनिक अधिकारियों ने विभिन्न व्यापारिक संगठनों के साथ बैठक करते हुए निर्णय लिया है कि जल्द से जल्द जनता की जरूरत का सभी सामान उन्हें घर पर ही उपलब्ध कराया जाएगा। वहीं, एसपी सिटी अखिलेश नारायण सिंह ने लॉक डाउन के बावजूद सड़क पर बेवजह घूमने वाले कई वाहन चालकों के चालान काटते हुए उन्हें घर में ही रहने की चेतावनी दी।

जिलाधिकारी अनिल धींगरा ने बताया कि जिले में पर्याप्त मात्रा में जनता की दैनिक जरूरत की चीजें मौजूद हैं। सभी चीनी मिलो और फूड इंडस्ट्री को लॉक डाउन से बाहर रखा गया है। इसी के साथ पशुओं का चारा और अन्य जरूरत का सामान लाने वाले ट्रांसपोर्ट को जिला प्रशासन द्वारा अनुमति पत्र भी जारी किए गए हैं। उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन के अधिकारी आज लगातार विभिन्न व्यापारिक संगठनों के साथ बैठक कर रहे हैं। जिसमें दवा से लेकर जनता की दैनिक जरूरत का हर सामान उनके घर पर ही पहुंचाए जाने की व्यवस्था बनाए जाने पर विचार जारी है। उन्होंने दावा किया कि जिले की जनता को दैनिक उपभोग की वस्तु जैसे आटे, दाल, चीनी, चावल, दूध आदि के लिए किसी भी प्रकार की किल्लत का सामना नहीं करना पड़ेगा। इसी के साथ पेट्रोल पंप भी फिलहाल खुले रहेंगे। उन्होंने जिले के नागरिकों से संयम बरतते हुए कोरोना के खिलाफ इस लड़ाई में प्रशासन का सहयोग करने की अपील की।

उधर, लॉक डाउन के बावजूद आज भी शहर की सड़कों पर लोग घूमते नजर आए। एसपी सिटी अखिलेश नारायण सिंह ने फोर्स के साथ सड़क पर उतर कर अभियान चलाते हुए कई वाहनों के चालान काटे। इस दौरान पुलिस को देख अधिकांश लोगों ने डॉक्टर की दुकान पर जाने का बहाना बनाया। मगर, झूठ बोलने वालों के बहाने काम ना आए और पुलिस ने उन्हें चेतावनी देते हुए घर वापस भेज दिया। एसपी सिटी अखिलेश नारायण सिंह ने भी जिले की जनता से अपने घरों में ही रहने की अपील की है।